एक वक्त था, जब पिता को रेलवे स्टेशन पर सोना पड़ता था और पूरा परिवार एक छोटे-से वन रूम किचन में रहता था! अभिनेता ललित प्रभाकर ...
खुद आर्थिक तंगी की वजह से अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर पाए… लेकिन आज महबूब मलिक अपनी कमाई का करीब 80% हिस्सा जरूरतमंद बच्चों की ...
#thebetterindia #goodnews #positivestories #indianews #जिसे दुनिया ने बोझ समझा, आज वही अपनी छोटी बहन की सबसे सुरक्षित जगह है। ...
स्कूल में बॉडी शेमिंग झेली, लोगों की हंसी के डर से डांस करना छोड़ दिया… लेकिन सुमुखी सुरेश ने अपनी कहानी का अंत दूसरों को तय नहीं करने दिया। नौकरी के साथ कॉमेडी शुरू करने से लेकर Pushpavalli में लीड र ...
बचपन में देखा एक सपना… जिसे पूरा होने में लग गए कई दशक। आशुतोष राणा का रामलीला से जुड़ाव और उनके पसंदीदा किरदार को निभाने की ...
गुजरात के गोंडल में मुफ़्त टिफिन सेवा चलाने वाले 70 साल के चंदू बापू ने 20 साल पहले अपने बेटे को खोने के बाद एक संकल्प लिया ...
न्यूज़रूम से वड़ा पाव के ठेले तक | Journalist Couple VadaPav Business | Patrakar Couple VadaPav Wale
Follow us for more: 12 साल तक मीडिया में काम किया, लेकिन एक वक्त ऐसा आया जब जसवीर सिंह जस्सी और पत्नी सुधा शाह की नौकरियाँ चली गईं। आर्थिक तंगी आई, लोगों ने ताने मारे और कई बार लगा कि अब आगे कोई रास्त ...
ऋषिकेश के 21 साल के दीपक के लिए जिंदगी सिर्फ अपने सपने तक पहुँचने की दौड़ नहीं है। माँ कैंसर से लड़ रही हैं, पापा आज भी सब्जी ...
एक-एक पैसा जोड़कर एक सेकंड-हैंड स्कूटी खरीदी है जिससे वो आगरा शहर के कोने-कोने में ज़रूरतमंद जानवरों को रेसक्यू करने पहुँचते हैं, वो भी बिना चप्पल या जूते के। जी हाँ, देव ने अपनी चप्पलें भी त्याग दी ह ...
न महंगे कपड़े, न कोई फैशन रैंप… बस एक सपना! भोपाल की गलियों में पुरानी साड़ियों से बने आउटफिट्स पहनकर वॉक करने वाली प्रीति ...
[Shreya Kumawat environmental activist, young environmentalist, children environmental awareness initiative India, young ...
पश्चिम बंगाल के एक छोटे से गाँव की सोनाली के पास न कोई बड़ी Dance Academy है, न महंगा कैमरा और न कोई शानदार सेटअप। पिता एक मामूली पेंटर हैं, माँ ईंट-भट्ठे पर मजदूरी करती हैं। घर में आर्थिक तंगी की वजह ...
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